छत्तीसगढ़
सरकार का बड़ा एक्शन: पटवारी निलंबित, तहसीलदार को भेजा नोटिस
Shantanu Roy
12 Jan 2026 10:13 PM IST

x
छग
Korba. कोरबा। छत्तीसगढ़ में धान बिक्री के लिए टोकन न मिलने से परेशान किसान द्वारा कीटनाशक पीकर आत्महत्या की कोशिश करने के मामले में राज्य सरकार ने सख्त रुख अपनाया है। कोरबा जिले के हरदीबाजार थाना क्षेत्र से सामने आए इस गंभीर मामले में लापरवाही पाए जाने पर पटवारी कामिनी कारे को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है, वहीं तहसीलदार हरदीबाजार अभिजीत राजभानु को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। दरअसल, हरदीबाजार क्षेत्र के एक किसान को धान उपार्जन केंद्र में फसल बेचने के लिए टोकन नहीं मिल पाया था। लगातार प्रयासों के बावजूद समस्या का समाधान नहीं होने से वह मानसिक रूप से बेहद परेशान हो गया। इसी तनाव में आकर किसान ने कीटनाशक का सेवन कर लिया। घटना की जानकारी मिलते ही परिजन उसे तत्काल अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां उसका उपचार जारी है। किसान की हालत अब खतरे से बाहर बताई जा रही है।
यह मामला सामने आने के बाद प्रशासनिक स्तर पर जांच शुरू की गई। जांच में सामने आया कि धान खरीदी वर्ष 2025-26 के सुचारू संचालन के लिए शासन द्वारा स्पष्ट निर्देश जारी किए गए थे। इन निर्देशों के तहत गिरदावरी में छूटे हुए या त्रुटिवश दर्ज किसानों के रकबा सुधार और ऑनलाइन मैपिंग का कार्य किया जा रहा है, ताकि किसी भी पात्र किसान को धान विक्रय में परेशानी न हो। इसी क्रम में पटवारी हल्का क्रमांक 03, राजस्व निरीक्षक मंडल तिवरता, तहसील हरदीबाजार के अंतर्गत आने वाले ग्राम नोनबिर्रा, उड़ता और पूटा के किसानों के रकबे की ऑनलाइन मैपिंग की गई थी। लेकिन अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व), पाली द्वारा प्रस्तुत प्रतिवेदन में यह गंभीर तथ्य सामने आया कि संबंधित पटवारी कामिनी कारे ने कई किसानों का मौके पर जाकर क्षेत्र निरीक्षण और सत्यापन नहीं किया।
क्षेत्र निरीक्षण और सत्यापन न होने के कारण कई किसानों के रकबे में त्रुटियां बनी रहीं, जिसके चलते वे धान उपार्जन केंद्रों में अपना धान विक्रय नहीं कर पा रहे थे। इसी लापरवाही का सीधा असर किसानों पर पड़ा और एक किसान ने हताश होकर आत्मघाती कदम उठा लिया। प्रशासनिक जांच में यह कृत्य शासन के निर्देशों की अवहेलना, कार्य के प्रति घोर उदासीनता और स्वेच्छाचारिता का प्रतीक पाया गया। इसे छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1965 के नियम 03 का स्पष्ट उल्लंघन और कदाचार की श्रेणी में माना गया है।
इन तथ्यों को गंभीरता से लेते हुए कामिनी कारे, पटवारी हल्का क्रमांक 03 को छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम, 1966 के नियम 9 के अंतर्गत तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय तहसील कार्यालय पाली निर्धारित किया गया है और उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता देय होगा। इसके साथ ही, इस पूरे प्रकरण में पर्यवेक्षण में कमी पाए जाने पर तहसीलदार हरदीबाजार अभिजीत राजभानु को भी कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। उनसे अपेक्षा की गई है कि वे निर्धारित समय सीमा में अपना स्पष्टीकरण प्रस्तुत करें। सरकार के इस त्वरित और कड़े कदम से यह संदेश गया है कि किसानों से जुड़े मामलों में लापरवाही और उदासीनता किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
Tagsकोरबा किसान मामलाधान टोकन विवादकिसान आत्महत्या प्रयासपटवारी निलंबिततहसीलदार को नोटिसहरदीबाजार थानाछत्तीसगढ़ सरकार कार्रवाईधान खरीदी 2025-26Korba farmer casepaddy token disputefarmer suicide attemptPatwari suspendednotice to TehsildarHardibazar police stationChhattisgarh government actionpaddy procurement 2025-26छत्तीसगढ़ न्यूज हिंदीछत्तीसगढ़ न्यूजछत्तीसगढ़ की खबरछत्तीसगढ़ लेटेस्ट न्यूजछत्तीसगढ़ न्यूज अपडेटछत्तीसगढ़ हिंदी न्यूज टुडेछत्तीसगढ़ हिंदीन्यूज हिंदी न्यूज छत्तीसगढ़छत्तीसगढ़ हिंदी खबरछत्तीसगढ़ समाचार लाइवChhattisgarh News HindiChhattisgarh NewsNews of ChhattisgarhChhattisgarh Latest NewsChhattisgarh News UpdateChhattisgarh Hindi News TodayChhattisgarh HindiNews Hindi News ChhattisgarhChhattisgarh Hindi NewsChhattisgarh News Liveजनता से रिश्ता न्यूज़जनता से रिश्ताआज की ताजा न्यूज़हिंन्दी न्यूज़भारत न्यूज़खबरों का सिलसिलाआज की ब्रेंकिग न्यूज़आज की बड़ी खबरमिड डे अख़बारहिंन्दी समाचारजनताJanta Se Rishta NewsJanta Se RishtaToday's Latest NewsHindi NewsIndia NewsKhabron Ka SilsilaToday's Breaking NewsToday's Big NewsMid Day Newspaperjantasamachar newssamacharHindi news
Next Story





